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भा.कृ.अनु.प.-के.कृ.अभि.सं.,भोपाल द्वारा दिनांक 09 जनवरी 2026 को आयोजित ‘‘एक दिवसीय: संरक्षण कृषि हेतु उन्नत कृषि औजारों एवं यंत्रों पर कृषकों का व्यवहारिक प्रशिक्षण एवं प्रक्षेत्र प्रदर्शन’’

🙏 द्वारा, राधेश्याम चौऋषिया 🙏

भोपाल । भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR)-केन्द्रीय कृषि अभियांत्रिकी संस्थान (भा.कृ.अनु.प.–केन्द्रीय कृषि अभियांत्रिकी संस्थान), नबीबाग, बैरसिया रोड, भोपाल द्वारा संरक्षण कृषि पर समन्वित अनुसंधान मंच (CRP on Conservation Agriculture) के अंतर्गत अनुसूचित जाति उप-योजना (SCSP) के तहत एक दिवसीय प्रशिक्षण एवं प्रदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों को संरक्षण कृषि हेतु उन्नत कृषि उपकरणों एवं यंत्रों की जानकारी देना तथा उनके व्यावहारिक उपयोग का प्रशिक्षण प्रदान करना रहा । इस एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में भोपाल जिले के पिपलिया छपरबंद, करधई एवं राताताल गाँव के कुल ५० किसानों ने भाग लिया, जिनमें महिला एवं पुरुष किसान शामिल थे।

कार्यक्रम के दौरान किसानों को संरक्षण कृषि की मूल सिद्धांत, फसल अवशेष प्रबंधन, मृदा स्वास्थ्य संरक्षण, आधुनिक कृषि मशीनरी, छोटे कृषि उपकरणों के उपयोग तथा उनकी कार्यक्षमता के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। इस दौरान किसानों को कृषि यंत्रों का प्रत्यक्ष प्रक्षेत्र प्रदर्शन भी कराया गया, जिससे किसान इन आधुनिक तकनीकों को आसानी से अपना सकें ।


इसके साथ ही किसानों को कृषि में ड्रोन की उपयोगिता पर आधारित कृषि कार्यों की जानकारी दी गई तथा उन्नत तकनीकों के माध्यम से खेती की लागत कम कर उत्पादन बढ़ाने पर जोर दिया गया, जिससे सभी किसान बंधु अपने खेतों में संरक्षण कृषि पद्धतियों को अपनाकर इसका लाभ उठा सकें। प्रशिक्षण उपरांत किसानों को कृषि उपयोगी प्रशिक्षण किट का वितरण भी किया गया।

संस्थान के वैज्ञानिकों एवं अधिकारियों ने किसानों को संबोधित करते हुए कहा कि संरक्षण कृषि अपनाने से जल संरक्षण, मृदा उर्वरता में वृद्धि, लागत में कमी एवं टिकाऊ कृषि को बढ़ावा मिलता है। कार्यक्रम के अंत में किसानों ने इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों को अत्यंत उपयोगी बताते हुए भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम आयोजित करने की मांग की।

इस दौरान भोपाल केंद्र द्वारा आयोजित कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक महोदय डॉ एस.पी.सिंह एवं अन्य वैज्ञानिकगण, डॉ वी.पी.चौधरी, डॉ दुष्यंत सिंह, डॉ मनीष कुमार, डॉ दीपक थोरात ने अपना सक्रीय योगदान दिया। इसके साथ ही इस कार्यक्रम का सफल आयोजन कार्यक्रम के अंत में किसानों को प्रमाणपत्र वितरित करके किया गया ।

✍ राधेश्याम चौऋषिया 

Radheshyam Chourasiya

Radheshyam Chourasiya II

● सम्पादक, बेख़बरों की खबर
● राज्य स्तरीय अधिमान्य पत्रकार, जनसम्पर्क विभाग, मध्यप्रदेश शासन
● राज्य मीडिया प्रभारी, भारत स्काउट एवं गाइड मध्यप्रदेश
● मध्यप्रदेश ब्यूरों प्रमुख, दैनिक निर्णायक
● मध्यप्रदेश ब्यूरों प्रमुख, दैनिक मालव क्रान्ति

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