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आयुष मंत्री को प्रदेश के शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालयों में पदस्थ चिकित्सा शिक्षकों को प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा महाविद्यालयों में पदस्थ चिकित्सा शिक्षकों के समान पुनरीक्षित वेतनमान एवं अन्य चिकित्सा शिक्षा विशेष भत्ता प्रदाय करने के संदर्भ में आयुर्वेद शिक्षक संघ, म.प्र. ने लिखा पत्र

आयुष मंत्री को प्रदेश के शासकीय आयुर्वेद महाविद्यालयों में पदस्थ चिकित्सा शिक्षकों को प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा महाविद्यालयों में पदस्थ चिकित्सा शिक्षकों के समान पुनरीक्षित वेतनमान एवं अन्य चिकित्सा शिक्षा विशेष भत्ता प्रदाय करने के संदर्भ में आयुर्वेद शिक्षक संघ, म.प्र. ने लिखा पत्र 



उज्जैन : आयुर्वेद शिक्षक संघ, म.प्र. शासकीय स्वशासी धन्वन्तरि आयुर्वेद महाविद्यालय, उज्जैन इकाई ,  प्रधान कार्यालय : शासकीय स्वशासी आयुर्वेद महाविद्यालय,रीवा (म.प्र.) द्वारा 16 जनवरी 2021 को आयुष मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), मध्यप्रदेश शासन, भोपाल  को पत्र में विनम्र निवेदन करते हुए लिखा गया है कि, प्रदेश के आयुष महाविद्यालयों में पदस्थ प्रोफेसर, रीडर एवं व्यख्याताओं के प्रदेश के चिकित्सा शिक्षा महाविद्यालयों में पदस्थ प्रोफेसर, रीडर एवं व्यखायाताओं वेतनमान एवं अन्य चिकित्सा विशेष भत्ता प्राप्त हो रहा है । बड़ी विडम्बना है कि, भारतीय चिकित्सा पद्धति इस लिये प्रदेश के केवल आयुष चिकित्सा शिक्षको का वेतनमान संशोधित नही किया जा रहा है। आज भी उपेक्षित है जब कि चिकित्सा शिक्षा महाविद्यालय, दंत महाविद्यालय पशु चिकित्सा महाविद्यालय एवं कृषि, कला, वाणिज्य, विज्ञान आदि महाविद्यालय मे समकक्ष पदो पर सभी जगहो पर वर्षों से पुनरीक्षित वेतनमान प्राप्त हो रहा है।

डॉ. प्रकाश जोशी अध्यक्ष, दिवाकर पटेल उपाध्यक्ष और निरंजन सराफ सचिव द्वारा पत्र में यह भी लिखा गया है कि, जो आयुर्वेद चिकित्सा शिक्षकों की वर्षों, से वेतन संशोधन की मांग मे जून - 2018 मे आंशिक संशोधन करते हुए केवल प्राचार्यो को 8900 ग्रेट पे एवं पुनरीक्षित वेतनमान 37400/- से 67000/- केबिनेट बैठक मे द्वारा प्रदान किया गया है जबकि वेतनमान का संशोधन फीडिंग कैडर से होना चाहिए अर्थात व्याख्याता से होना चाहिए था । कोरोना काल के अन्तर्गत सभी आयुष चिकित्सक शिक्षको ने अपनी सेवायें जिला चिकित्सालय मे दी है व समाज के लिये प्रेरणादायक कार्य किया है । शीघ्र अति शीघ्र उक्त विडंबना को दूर कर शासन से आदेश पारित करने की कृपा करे।



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