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उज्जैन नगर सहित जिले के सभी कस्बों में प्रति रविवार लॉकडाउन रहेगा, भगवान महाकालेश्वर की आगामी 2 सवारी भी परिवर्तित मार्ग से ही निकाली जायेगी, जिला आपदा प्रबंधन समूह की बैठक में लिये गये निर्णय


उज्जैन 15 जुलाई। जिले में कोरोना संक्रमण के पॉजीटिव प्रकरणों में हो रही वृद्धि को देखते हुए उज्जैन नगर सहित जिले के सभी कस्बों में आगामी आदेश तक प्रति रविवार लॉकडाउन लागू किया जायेगा। इसी तरह भगवान महाकालेश्वर की आगामी दो सवारियां भी परिवर्तित मार्ग (जिस मार्ग से पूर्व की दो सवारियां निकली है) से ही निकाली जायेगी। साथ ही उज्जैन शहर के सभी प्रमुख प्राचीन मन्दिरों के विकास के लिये आगामी एक माह में मास्टर प्लान तैयार किया जायेगा। उक्त निर्णय जिला आपदा प्रबंधन समिति की बैठक में लिये गये। बैठक में उच्च शिक्षा मंत्री डॉ मोहन यादव ,सांसद श्री अनिल फिरोजिया, विधायक श्री पारस जैन, महापौर श्रीमती मीना जोनवाल, नगर निगम अध्यक्ष श्री सोनू गेहलोत, कलेक्टर श्री आशीष सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री मनोज सिंह, नगर निगम आयुक्त श्री क्षितिज सिंघल, एडीएम श्रीमती बिदिशा मुखर्जी मौजूद थे ।


 


बैठक में निर्णय लिया गया कि शहरी क्षेत्रों में बाजार एवं दुकान बन्द होने के लिये निर्धारित समय रात्रि 8 बजे का पालन कड़ाई से किया जाये। साथ ही सोशल डिस्टेंसिंग मैंटेन करने एवं मास्क पहनने पर अधिक जोर दिया जाये।


 


रविवार को उज्जैन नगर सहित सभी कस्बों में टोटल लॉकडाउन रहेगा


जिला आपदा प्रबंधन समूह की बैठक में लिये गये निर्णय अनुसार आगामी आदेश तक प्रत्येक रविवार को उज्जैन नगर निगम सीमा क्षेत्र सहित जिले के सभी नगरीय क्षेत्रों में टोटल लॉकडाउन रहेगा। शनिवार की रात 8 बजे से सोमवार सुबह 6 बजे तक सब्जी, फल सहित सभी दुकानें बन्द रहेगी। मॉर्निंग वॉक भी प्रतिबंधित रहेगा। मेडिकल स्टोर एवं दूध की सप्लाई एवं मीडिया को उक्त प्रतिबंध से छूट रहेगी।


 


गणेश उत्सव, दुर्गापूजा पर केवल छोटी प्रतिमाओं का निर्माण होगा


बैठक में आगामी त्यौहारों जिनमें रक्षाबंधन, गणेश उत्सव एवं दुर्गापूजा शामिल है, की व्यवस्थाओं पर भी चर्चा की गई तथा निर्णय लिया गया कि रक्षाबंधन के अवसर पर परम्परागत लगने वाले राखी बाजारों का सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए संचालन किया जाये। इसी तरह गणेश उत्सव एवं दुर्गापूजा पर बनने वाली प्रतिमाओं में केवल छोटी प्रतिमाएं जिनको घर में रखा जा सके, के निर्माण की अनुमति प्रदान की जाये। बड़ी प्रतिमाओं का निर्माण प्रतिबंधित रहेगा। प्रतिमाओं के निर्माण करने वाले परिवारों को इससे होने वाली हानि के मद्देनजर राज्य शासन से उन्हें किस तरह खाद्यान्न की सहायता दी जा सकती है, इस पर जिला प्रशासन को विचार करने के लिये कहा गया है। 


 


आंख का अस्पताल चरक भवन में शुरू होगा


बैठक में माधव नगर अस्पताल में संचालित आई हॉस्पिटल बन्द होने पर चिन्ता व्यक्त की गई तथा निर्णय लिया गया कि चरक अस्पताल की ऊपर की मंजिल पर आंख का अस्पताल आगामी सात दिनों में प्रारम्भ किया जाये। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.महावीर खंडेलवाल को निर्देश दिये गये हैं कि वे इसके लिये आवश्यक संसाधन उपलब्ध करवायें एवं शीघ्र आई हॉस्पिटल का कामकाज शुरू करवायें।




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